एस्ट्रोलॉजर की भविष्यवाणी सच हुई तो इंजीनियर ने बनाया एस्ट्रोलॉजी का ऐप, अब रोज 30 लाख का बिजनेस, 1600 लोगों को जॉब भी दी

एस्ट्रोलॉजर की भविष्यवाणी सच हुई तो इंजीनियर ने बनाया एस्ट्रोलॉजी का ऐप, अब रोज 30 लाख का बिजनेस, 1600 लोगों को जॉब भी दी

हर किसी को अपने कल की चिंता होती है। आने वाले दिन कैसे होंगे? जॉब लगेगी या नहीं, किस सेक्टर में करियर बनेगा? आगे की लाइफ कैसी रहेगी, जिंदगी में चल रही उठापटक कब थमेगी? जीवन साथी कैसा होगा? ये कुछ ऐसे सवाल हैं जिन्हें लेकर ज्यादातर लोग परेशान रहते हैं। इसे देखते हुए पंजाब के भटिंडा जिले में रहने वाले पुनीत गुप्ता ने 3 साल पहले एक ऑनलाइन स्टार्टअप की शुरुआत की। वे मोबाइल ऐप के जरिए लोगों को उनके फ्यूचर के बारे में बताते हैं, उनकी समस्याओं का समाधान करते हैं।

इसके लिए पुनीत ने एक्सपर्ट एस्ट्रोलॉजर्स को हायर कर रखा है। 1600 से ज्यादा एस्ट्रोलॉजर्स उनके साथ जुड़े हुए हैं। कोविड के बाद उनके स्टार्टअप को जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला है। फिलहाल हर दिन 30 लाख रुपए से ज्यादा का रेवेन्यू वे जेनरेट कर रहे हैं।

एक एस्ट्रोलॉजर की भविष्यवाणी से बदल गई जिंदगी

32 साल के पुनीत ने 2011 में इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करने के बाद करीब 4 साल तक नौकरी की। इसके बाद साल 2015 में उन्होंने खुद का एक स्टार्टअप शुरू किया। इसमें वे मोबाइल ऐप डेवलपमेंट का काम करते थे। अलग-अलग कंपनियों और लोगों की डिमांड के मुताबिक वे ऐप तैयार करते थे। करीब 2 साल तक उन्होंने यह काम किया। अच्छी कमाई भी हुई और कस्टमर्स का रिस्पॉन्स भी अच्छा मिला, लेकिन इसी बीच उनके साथ कुछ ऐसा हुआ जिससे उनकी लाइफ बदल गई।

पुनीत बताते हैं कि 2015-16 में एक एस्ट्रोलॉजर से मेरी बातचीत हुई। उन्होंने बताया कि अभी आपकी यह कंपनी जरूर अच्छा कर रही है, लेकिन अगले दो सालों में इसे बंद करना पड़ेगा। आपका साथी काम छोड़कर चला जाएगा। वे कहते हैं कि तब मुझे उसकी बात पर यकीन नहीं हुआ। मैं इन सब चीजों में भरोसा नहीं करता था। इसलिए कुछ खास ध्यान नहीं दिया। हालांकि दो साल से पहले ही कुछ वैसा ही हुआ जैसा कि उस एस्ट्रोलॉजर ने कहा था। मेरे पार्टनर ने कंपनी छोड़ दी, मैं अकेला पड़ गया। कुछ दिनों तक तो जैसे-तैसे काम चलाया, लेकिन फिर बहुत दिक्कत होने लगी, इम्प्लॉइज को सैलरी देने में दिक्कत होनी लगी। आखिरकार मुझे अपना स्टार्टअप बंद करना पड़ा।

मेरी तरह ही हर कोई कहीं न कहीं कोई एस्ट्रोलॉजर तलाश रहा है

पुनीत कहते हैं कि जब मेरी कंपनी बंद हुई तो मुझे एस्ट्रोलॉजी पर भरोसा हुआ। मैंने उसी एस्ट्रोलॉजर को फोन किया जिससे दो साल पहले मेरी बातचीत हुई थी। मैंने उसे सब कुछ बताया और कहा कि आपकी भविष्यवाणी सही साबित हुई। उससे इस मुश्किल दौर से निकलने का उपाय पूछा। तब मुझे रियलाइज हुआ कि मेरी तरह दुनिया में और भी लोग हैं, जिन्हें आए दिन किसी न किसी परेशानी से गुजरना पड़ता है और वे कोई न कोई एस्ट्रोलॉजर तलाश कर रहे होते हैं।

इसलिए हम क्यों न एक ऐसा ऐप तैयार करें जहां लोग खुलकर और आसानी से अपनी लाइफ और भविष्य से जुड़े सवाल पूछ सकें, उन्हें उनकी परेशानियों से छुटकारा मिल सके। वे एक ही प्लेटफॉर्म पर अलग-अलग एक्सपर्ट एस्ट्रोलॉजर्स से बातचीत कर सकें।

2017 में शुरू किया ऑनलाइन स्टार्टअप

इसके बाद मैंने उसी एस्ट्रोलॉजर बात की और पूछा कि अगर हम इस तरह का एक प्लेटफॉर्म तैयार करें, तो क्या वे हमारे साथ काम करेंगे? उन्होंने अपनी सहमति दे दी, वे हमारे साथ काम करने के लिए तैयार हो गए। इसके बाद हमने कुछ और भी एक्सपर्ट एस्ट्रोलॉजर अपने साथ जोड़े और 2017 में Astrotalk नाम से नोएडा में अपने स्टार्टअप की शुरुआत की। तब हम लोग ऑनलाइन स्लॉट बुकिंग करते थे। इसके बाद यूजर्स की एस्ट्रोलॉजर से बातचीत कराते थे। हर यूजर का 30 मिनट का सेशन रहता था।

वे बताते हैं कि शुरुआत से ही हमें अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा था, लेकिन साथ ही लोगों को एक दिक्कत भी फेस करनी पड़ रही थी। उन्हें तत्काल समाधान नहीं मिल पा रहा था। बुकिंग के लिए उन्हें लंबा इंतजार करना पड़ता था। हर आदमी का 30 मिनट का सेशन था, इसलिए हम लिमिटेड लोगों को ही बुकिंग दे सकते थे। इसके बाद हमने इस कॉन्सेप्ट को बदल दिया और लाइव चैट और फोन कॉल को इम्प्लीमेन्ट कर दिया। यानी ऐप पर जाने के बाद किसी भी यूजर को न तो बुकिंग की जरूरत होगी, न ही उसे इंतजार करना पड़ेगा। वह जब चाहे कॉल या चैट के जरिए अपनी पसंद के एस्ट्रोलॉजर से सवाल-जवाब कर सकता है। इस सुविधा के बाद यूजर्स की संख्या दो से तीन गुना तक बढ़ गई।

कोरोना में बढ़ गई ऑनलाइन एस्ट्रोलॉजी की डिमांड

पुनीत कहते हैं कि मार्च 2020 तक हमारा कारोबार अच्छा-खासा जम गया था। बड़ी संख्या में यूजर्स हमारे ऐप पर आ रहे थे और अपनी समस्याओं का समाधान ढूंढ रहे थे, लेकिन जैसे ही कोरोना के चलते लॉकडाउन लगा, हमारा बिजनेस डाउन हो गया। करीब दो हफ्ते तक कुछ खास रिस्पॉन्स नहीं मिला। इसके बाद जैसे-जैसे वक्त बीता और लॉकडाउन बढ़ने लगा, लोगों की नौकरियां जाने लगी, लोग बीमार होने लगे, तब अचानक से लोग तेजी से हमारे ऐप पर शिफ्ट हो गए। दो महीने के भीतर ही हमारा बिजनेस कई गुना बढ़ गया। लोगों की डिमांड बढ़ गई और हमें अपनी टीम भी तेजी से बढ़ानी पड़ी।

वे बताते हैं कि तब युवाओं के कॉल ज्यादा आ रहे थे। वे अपनी नौकरी की सिक्योरिटी को लेकर डरे थे, परेशान थे। इसी तरह कई लोग अपनी हेल्थ को लेकर भी चिंतित थे और समाधान तलाश रहे थे। अभी भी कॉल करने वालों में ज्यादातर युवा ही हैं। इनमें लड़कियों की संख्या भी ठीक ठाक है।

फिलहाल पुनीत के साथ देशभर से 1600 से ज्यादा एक्सपर्ट एस्ट्रोलॉजर जुड़े हैं। इसमें हर लैंग्वेज जानने वाले लोग हैं। इसके साथ ही उनके साथ 70 से ज्यादा लोग टीम में काम करते हैं, जो टेक्नोलॉजी से लेकर मार्केटिंग और मैनेजमेंट का काम संभालते हैं। अभी हर दिन करीब 55 हजार लोग उनके ऐप पर आते हैं। इसमें से 5 हजार से ज्यादा कस्टमर्स पेड हैं। भारत के साथ ही दूसरे देशों के भी लोग अपनी समस्याओं के समाधान के लिए उनसे कॉन्टैक्ट करते हैं।

कैसे करते हैं लोगों की मदद? क्या है पूरा प्रोसेस?

पुनीत की टीम ने एक मोबाइल ऐप तैयार किया है। इसमें लॉगिन करने और अकाउंट क्रिएट करने के बाद आप अपने सवाल पूछ सकते हैं। इसमें दो तरह की सर्विसेज हैं- एक पेड और दूसरी मुफ्त। एक्सपर्ट एक्सट्रोलॉजर से चैट और फोन पर बातचीत के लिए आपको पेमेंट करना होगा। जबकि रोज का राशिफल पढ़ने, ऑनलाइन कुंडली बनवाने और लाइव शो देखने के लिए पेमेंट की जरूरत नहीं होगी। यह सबके लिए फ्री सर्विस है।

पुनीत कहते हैं कि हमारे ऐप पर एक्सपर्ट एस्ट्रोलॉजर्स की लिस्ट है। इसमें उनके बारे में हर डिटेल जानकारी, उनकी एक्सपर्टीज, उनकी रेटिंग और फीस उपलब्ध है। इसके आधार पर कस्टमर अपनी पसंद का एस्ट्रोलॉजर सिलेक्ट कर सकता है और उससे चैट या फोन कॉल के जरिए अपनी समस्याओं का समाधान जान सकता है। पेमेंट के लिए उसे अपना वॉलेट रिचार्ज करना होगा। पैसे मिनट के हिसाब से कटते हैं। यानी जितनी देर तक वह चैट या कॉल पर एक्सपर्ट से बातचीत करेगा, उतना अमाउंट उसके वॉलेट से कटता जाएगा। चार्ज को लेकर वे कहते हैं कि अलग-अलग एस्ट्रोलॉजर्स के रेट अलग-अलग हैं। औसतन 25 से 30 रुपए में कस्टमर्स को उनकी समस्या का समाधान मिल जाता है।

मार्केटिंग को लेकर पुनीत की टीम सोशल मीडिया और गूगल ऐड्स का सहारा लेती है। वे लोग लगातार पेड प्रमोशन करते रहते हैं। अगर कोई बतौर एस्ट्रोलॉजर पुनीत की टीम के साथ जुड़ना चाहता है तो उसे ऐप पर जाकर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करना होगा। इसके बाद उसका क्वालिफिकेशन टेस्ट होगा। फिर एक्सपर्ट की टीम सवाल जवाब करेगी और यह जांचने की कोशिश करेगी कि उस एस्ट्रोलॉजर को जानकारी है या नहीं। सबकुछ ठीक रहा तो उसे काम करने का मौका मिलेगा।

[ डि‍सक्‍लेमर: यह न्‍यूज वेबसाइट से म‍िली जानकार‍ियों के आधार पर बनाई गई है. Lok Mantra अपनी तरफ से इसकी पुष्‍ट‍ि नहीं करता है. ]

Dhara Patel

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Don`t copy text!